
कटनी की सड़कों पर ऐसे नजारे आपको हर रोज़ अनगिनत देखने को मिल जाएंगे। दरअसल हम बात कर रहे हैं कटनी की बदहाल ट्रैफिक व्यवस्था की, जिसमें फंसकर आम नागरिक रोज़ परेशान होते नजर आते हैं।
ई-रिक्शा चालक खुलेआम कबाड़ का भारी लोड लेकर व्यस्ततम शहरी सड़कों पर फर्राटा भरते दिख रहे हैं। ये लोड किसी भी वक्त सड़क हादसे की वजह बन सकता है।
बात करें तो हाल ही में पूर्व कलेक्टर दिलीप कुमार यादव ने आदेश जारी कर छोटे ई-रिक्शा में स्कूली बच्चों को बैठाने पर पाबंदी लगाई थी, क्योंकि ये वाहन जल्द पलटने का खतरा रखते हैं। लेकिन लगता है इन आदेशों का असर अब सिर्फ फाइलों तक ही सीमित है क्योंकि एक चालक बड़े आराम से अपने ई-रिक्शा में कबाड़ लादे हाउसिंग बोर्ड सिग्नल के पास से गुजरता नजर आया।सबसे हैरानी की बात यह कि चेक पोस्ट पर मौजूद ट्रैफिक पुलिसकर्मी के सामने से यह चालक निकल गया, लेकिन उसे रोकने की कोई कोशिश तक नहीं की गई।
ऐसे में सवाल उठता है कि क्या पुलिस की नजरों से यह नजारा छूट गया, या फिर लापरवाही की पराकाष्ठा है? अगर यही हाल रहा तो शायद जिले के पुलिस अधीक्षक अभिनय विश्वकर्मा को अब ऐसे “सतर्क” पुलिसकर्मियों को इनाम देने पर विचार करना पड़ेगा!
हाउसिंग बोर्ड सिग्नल पहले भी कई सड़क हादसों का गवाह रह चुका है, लेकिन लगता है इससे जिले की ट्रैफिक पुलिस को कोई फर्क नहीं पड़ता।
वहीं ट्रैफिक सूबेदार की बात करें तो वे शहर की व्यवस्थाओं में व्यस्त जरूर रहते हैं, पर शायद इतने बड़े क्षेत्र में निगरानी का दबाव उन पर अधिक है।
अब देखना यह होगा कि जिले के कप्तान इस नज़ारे को देखकर क्या कदम उठाते हैं — इनाम या जवाबदेही?







