“विद्यालयों में शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने डाइट का नवाचार”  शिक्षकों व प्रशिक्षुओं को मिला नया दृष्टिकोण

कटनी। शिक्षा के क्षेत्र में नवाचार की दिशा में एक अहम पहल करते हुए जिला शिक्षण एवं प्रशिक्षण संस्थान (डाइट), कटनी द्वारा शासकीय प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालय न्यू कटनी जंक्शन में एक प्रभावशाली शैक्षणिक अभ्यास का आयोजन किया गया। इस अभ्यास का उद्देश्य विद्यालयी शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार और शिक्षकों के पेशेवर विकास को एक नई दिशा देना था।

डाइट प्राचार्य के मार्गदर्शन में डीएलएड कर रहे दर्जनों प्रशिक्षु छात्र-छात्राओं ने कक्षा 4 से 8 तक के विद्यार्थियों की लिखित परीक्षा लेकर उनकी दक्षता का आंकलन किया। इसके बाद प्रशिक्षुओं ने विद्यार्थियों द्वारा दिए गए उत्तरों की बिंदुवार समीक्षा कर उनकी कमजोरियों को चिन्हित किया और उन्हें दूर करने के लिए आवश्यक शिक्षकीय प्रयासों पर गहराई से चर्चा की।

शिक्षकों की पृथक कक्षा में व्याख्याता ने दिए मार्गदर्शक सूत्र

जब छात्र-छात्राएं विद्यार्थियों के साथ व्यस्त थे, उसी समय डाइट के वरिष्ठ व्याख्याता राजेन्द्र असाटी ने विद्यालय प्रांगण में उपस्थित शिक्षकों की एक विशेष कक्षा ली। उन्होंने शिक्षकों को ‘आदर्श शिक्षक’ और ‘उत्तरदायी प्रधानाध्यापक’ की भूमिका को विस्तार से समझाते हुए शिक्षा में गुणवत्ता लाने के लिए कई उपयोगी सुझाव दिए।

उन्होंने बताया कि एक प्रभावी शिक्षक को अपने शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखना चाहिए। उन्होंने शिक्षकों को सुबह की सैर, योग और प्राणायाम को दिनचर्या में शामिल करने की सलाह दी। साथ ही विद्यालय की स्वच्छता को पढ़ाई का प्रेरक तत्व बताते हुए इसमें कभी समझौता न करने की बात कही।

डाइट व्याख्याता ने शैक्षणिक संसाधनों — विशेषकर टैबलेट और डिजिटल उपकरणों के अधिकतम उपयोग पर जोर दिया। उन्होंने शिक्षकों को निर्देश दिए कि पुस्तकालय कालखंड को समय-सारणी में अनिवार्य रूप से शामिल किया जाए और प्रत्येक विद्यार्थी के लिए पुस्तकालय कार्ड बनाए जाएं।

प्रशंसा और प्रोत्साहन की संस्कृति पर जोर

प्रत्येक शिक्षक द्वारा मध्यान्ह भोजन चखकर फीडबैक देने की आवश्यकता को रेखांकित करते हुए श्री असाटी ने प्रधानाध्यापकों से आग्रह किया कि वे अपने स्टाफ के उत्कृष्ट कार्यों की पहचान करें और उन्हें प्रशंसा-पत्र देकर प्रोत्साहित करें। उन्होंने हाल ही में सम्पन्न ‘लीडरशिप प्रशिक्षण’ की उपलब्धियों को विद्यालय स्तर पर प्रभावी रूप से लागू करने की अपील की।

विशेष सहभागिता

इस अवसर पर विद्यालय के वरिष्ठ शिक्षक मार्तण्ड सिंह राजपूत, प्रधानाध्यापिका श्रीमती कविता जैन, तथा शिक्षकगण जितेंद्र दुबे, अजय पटेल, मोहना जरगर सोनी, रश्मि विश्वकर्मा, मनीषा कांबले, हेमलता रायकवार, नीतू दाहिया, लक्ष्मी रजक, नीलम श्रीवास, निधि पटेरिया, नम्रता ताम्रकार एवं अनिल पाण्डेय की उपस्थिति उल्लेखनीय रही।

 

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