
कटनी। आशा किरण बालगृह, झिंझरी से दो नाबालिग बालकों का भाग जाना संस्था की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर गया है। बताया गया कि दोनों बच्चे 9 अक्टूबर की रात दीवार फांदकर फरार हो गए, जबकि परिसर में चौकीदार और केयरटेकर भी तैनात थे।
बालगृह संचालक संस्था की डाटा ऑपरेटर शालिनी दाहिया ने घटना के बाद चौकी झिंझरी में रिपोर्ट दर्ज कराई। सवाल यह है कि नाबालिग इतने सहज तरीके से कैसे भाग निकले और यह बात स्टाफ को तत्काल पता क्यों नहीं चली।
घटना के बाद पुलिस अधीक्षक अभिनय विश्वकर्मा के निर्देशन में पुलिस ने बच्चों की खोजबीन शुरू की। चौकी झिंझरी पुलिस ने तकनीकी निगरानी और मुखबिर सूचना के आधार पर दोनों बच्चों को जबलपुर में आर.पी.एफ. थाना पुलिस की मदद से महज 24 घंटे के भीतर बरामद कर लिया।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई सराहनीय है, लेकिन बालगृह की निगरानी प्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। पहले भी बच्चों के भागने के मामले सामने आ चुके हैं, जिन पर अब तक ठोस सुधार नहीं हुआ है।






