
कटनी। जिले में पीपीपी (पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप) मोड पर निजी मेडिकल कॉलेज खोले जाने की घोषणा के बाद विरोध के स्वर तेज हो गए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि कटनी जैसे बड़े और औद्योगिक जिले में सरकारी मेडिकल कॉलेज की जरूरत है, ताकि गरीब और मध्यमवर्गीय परिवारों को सस्ती व बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें।
इसी मांग को लेकर सामाजिक संगठनों और छात्र-युवा समूहों ने हस्ताक्षर अभियान शुरू किया है। अभियान के जरिए सरकार से मांग की जा रही है कि कटनी में निजी नहीं, बल्कि पूरी तरह से सरकारी मेडिकल कॉलेज स्थापित किया जाए।
लोगों का कहना है कि यदि मेडिकल कॉलेज निजी हाथों में गया तो फीस आसमान छू जाएगी और आमजन को उसका लाभ नहीं मिल पाएगा। इस अभियान को आम जनता का व्यापक समर्थन मिल रहा है। आंदोलनकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि मांग पर जल्द ध्यान नहीं दिया गया, तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।






