
कटनी जिले की ढीमरखेड़ा पुलिस को जमीन धोखाधड़ी के एक बड़े मामले में महत्वपूर्ण सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने इस मामले के मास्टरमाइंड को रायपुर से गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक अभिनय विश्वकर्मा के मार्गदर्शन में, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. संतोष डेहरिया एवं एसडीओपी आकांक्षा चतुर्वेदी के निर्देशन में, थाना प्रभारी अभिषेक चौबे के नेतृत्व में की गई।
मामले की शुरुआत ग्राम बरेली निवासी प्रार्थी रणजीत पटेल की शिकायत से हुई थी। शिकायत में बताया गया कि आदी पटेल और मुकेश पटेल ने महर्षि महेश योगी संस्थान की जमीन बेचने के नाम पर 24 लाख 52 हजार रुपये की धोखाधड़ी की।
इस शिकायत पर थाना ढीमरखेड़ा में अपराध क्रमांक 63/26 के तहत विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू की गई।
जांच के दौरान सामने आया कि आरोपी मुकेश पटेल ने एस.आर.एम. फाउंडेशन ऑफ इंडिया के नाम से फर्जी बैंक खाता खुलवाया था। इसी तरह मुंकूदी पटेल के नाम से भी फर्जी खाता खोला गया, जिनके माध्यम से मनीष पांडे और दिलीप दुबे अपने खातों में रकम ट्रांसफर करते थे।
पुलिस ने पहले ही मुकेश पटेल और मुंकूदी पटेल को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश कर दिया था। वहीं मुख्य आरोपी मनीष पांडे फरार चल रहा था, जो पहले एनकेजे क्षेत्र में रहता था और मकान बेचकर फरार हो गया था।
सूचना मिलने पर कि वह रायपुर में छिपा है, ढीमरखेड़ा पुलिस ने विशेष टीम गठित कर दबिश दी और उसे गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
इस पूरी कार्रवाई में थाना प्रभारी अभिषेक चौबे, उपनिरीक्षक सुरेश चौधरी, आरक्षक पंकज सिंह और आरक्षक डुमनदास की अहम भूमिका रही।






