
कटनी। न्यूज़ वॉइस ऑफ इंडिया/विकासखंड ढीमरखेड़ा के ग्राम कोठी, सेहरा टोला स्थित आंगनवाड़ी केंद्र में बच्चों को भोजन प्रदाय के दौरान बरती गई गंभीर लापरवाही को कलेक्टर आशीष तिवारी ने अत्यंत गंभीरता से लिया है। बीते शुक्रवार को सामने आए इस मामले में कलेक्टर के निर्देश पर संयुक्त जांच टीम गठित की गई थी, जिसकी रिपोर्ट के आधार पर अब सख्त प्रशासनिक कार्रवाई की गई है।
नोटिस और विभागीय जांच के निर्देश
संयुक्त जांच प्रतिवेदन के आधार पर कलेक्टर ने महिला एवं बाल विकास विभाग की परियोजना अधिकारी श्रीमती आरती यादव (ढीमरखेड़ा) को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही सेक्टर पर्यवेक्षक श्रीमती अनीता प्रधान के विरुद्ध विभागीय जांच संस्थित करने का आदेश दिया गया है।
आंगनवाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका पर कार्रवाई
आंगनवाड़ी केंद्र सेहरा टोला की आंगनवाड़ी कार्यकर्ता: श्रीमती मीना बैगा,आंगनवाड़ी सहायिका: सुश्री मैना बैगा दोनों को कारण बताओ सूचना पत्र जारी किए गए हैं। वहीं, पूर्व से केंद्र का अतिरिक्त प्रभार संभाल रहीं कोठी की आंगनवाड़ी कार्यकर्ता श्रीमती सुशीला गोंड की वार्षिक मानदेय वृद्धि रोकने के निर्देश भी दिए गए हैं।
मानदेय कटौती के आदेश
जिला कार्यक्रम अधिकारी द्वारा यह भी निर्देशित किया गया है कि आंगनवाड़ी कार्यकर्ता मीना बैगा एवं सहायिका मैना बैगा का अनुपस्थिति अवधि का मानदेय काटा जाए, जब तक वे नियमित रूप से आंगनवाड़ी केंद्र सेहरा टोला में उपस्थित होकर केंद्र का संचालन प्रारंभ नहीं करतीं।
संयुक्त जांच दल में ये रहे शामिल
कलेक्टर के आदेश पर गठित संयुक्त जांच दल में वनश्री कुर्वेती, प्रभारी जिला कार्यक्रम अधिकारी, महिला एवं बाल विकास, आरती यादव, परियोजना अधिकारी, ढीमरखेड़ा,सतीश पटेल, परियोजना अधिकारी, बहोरीबंद शामिल रहे।
सेहरा टोला पहुंचकर की गई जांच
संयुक्त जांच टीम ने सेहरा टोला आंगनवाड़ी केंद्र पहुंचकर स्थानीय जनप्रतिनिधियों, ग्रामीणों, पर्यवेक्षक, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिका की उपस्थिति में प्रकरण की गहन जांच की जांच के दौरान यह तथ्य सामने आया कि नवनियुक्त आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका केंद्र पर उपस्थित नहीं थीं, जिसके चलते बच्चों को भोजन वितरण एवं भोजन कराने की व्यवस्था प्रभावित हुई।
ग्रामीणों की मांग और आश्वासन
जांच के समय ग्रामीणों ने सेहरा टोला के लिए नवीन आंगनवाड़ी केंद्र स्वीकृत करने तथा विद्यालय परिसर में आंगनवाड़ी भवन निर्माण की मांग रखी। इस पर संयुक्त जांच टीम ने नियमानुसार शीघ्र कार्रवाई का आश्वासन दिया प्रशासन ने यह स्पष्ट कर दिया है कि बच्चों के पोषण और आंगनवाड़ी संचालन में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी, और दोषियों पर कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।






