अधिकांश ग्रामीण क्षेत्र में बने औषधालय,पशु चिकित्साल्य में लटकता है ताला, नाम को खुलते है उनके पट, सरकारी अधिकारी,कर्मचारी रहते नदारत,इलाज हेतु ग्रामीणों को 15 किलोमीटर का करना पड़ता है सफर तय

मध्यप्रदेश के कटनी जिले के ग्रामीण क्षेत्र में बने  औषधालय एवम पशु चिकित्सालय मैं किस तरह सरकारी कर्मचारी सेवाएं अपनी देता है। यह किसी से छुपा नहीं है। अगर बात की जाए तो यह सिर्फ एक गांव की समस्या नहीं है। अधिकांश गांव इस बात से प्रभावित है।

दरासल हम बात कर रहे ग्रामीण क्षेत्र की जहा ग्रामीणों के लिए सरकार द्वारा बनाई गई सुविधा होते हुए ग्रामीण उससे कोसो दूर हैं।और जिला प्रशासन के जिमेदार अधिकारी उस गांव में शिकायत मिलने पर पहुंचते है तो सूचना मिलते ही उन समस्याओं को सुचारू कर दिया जाता है। एवम गांव क्षेत्र की पहले से व्यवस्थाएं सही हो जाती है। ये दर्शाया जाता है। की हम उपस्थिति हैं। वही अगर बात की जाए तो बरही नगर परिषद के तीन जिमेदार कर्मियो को उनकी अनुशासन एवं कर्तव्यहीनता के चलते जिला कलेक्टर अवि प्रसाद द्वारा हाल ही में निलंबित किया है।

 

वही न्यूज़ वॉइस ऑफ इंडिया के पास कुछ ऐसी तस्वीर आई है। जो यह बया कर रही है। की किस तरह सरकारी कर्मचारी अपने दायित्वों का पालन कर रहे है। और उस कार्य को उनके द्वारा बखूबी निभाया जा रहा है। यह जो तस्वीर है आपके स्क्रीन पर दर्शा रही है। दरासल यह तस्वीर ग्राम पंचायत सलैया सिहोरा मे बने औषधालय की दिन के 11 बजे की है। जब ग्रामीण मरीज दवा लेने या अन्य कार्य हेतु वहा पहुंचते है। तो वहा ताला लटकता दिखाई देता है। इस संबंध में ग्रामीणों का कहना है। की संबधित अधिकारी को फोन किया जाता है। तो उनके द्वारा फोन नही उठाया जाता इस दौरान अन्य ग्राम वाशियो से इस बात को लेकर जानकारी ली गई तो वहा के ग्रामीणों का कहना है। की ये तो हर दिन का है। वहा मोजूद खुलने के समय सारनी में समय सबह 9:00से 12:00 तक वही दोपहर 2:00 से शाम 4:00 बजे तक का अंकित है। तो क्या इसका पालन सरकारी कर्मचारी बखूबी निभा रहे हैं। इस बात की ये तस्वीर बयाँ करती है। वहा क्या चल रहा है। वही ग्रामीण इस बात से परेशान है। पर संबधित अधिकारी आराम से घर पर अपना समय बिता कर सरकारी तनख्वा लेकर मदमस्त है। उन्हे जनता की परेशानियो से कोई सरोकार नही है। मजेदार बात तो यह है की वही पता चला मवेशियों के अस्पाताल मे भी ताला लगा है। और वहा पदस्थ आधिकारी भी कई दिनो से ऑफिस नही आये है। अगर कोई गंभीर मामला हो तो उसे ग्राम से लगभग 15 किलोमीटर दूर बरही जाना पड़ता है। बहुत ही दुखद है ये की मध्य प्रदेश सरकार आम जनता की सुविधा हेतु गांव में सरकारी योजना के तहत सुविधा मुहैया करा रही है। और उसका लाभ उन्हें नसीब नहीं हो पा रहा।

बहरहाल जिला प्रशासन में बैठे जिमेदार अधिकारी इन सभी परिस्थितियो जानते नही है। या जानने के बाद भी इसे अनदेखा कर रहे है। ऐसे अनगिनत मामले है। जिससे जिले की जनता परेशान है। लेकिन इस पर सुधार आज तक नही हुआ और होगा भी की नही ये सवाल बना हुआ है।

 

Leave a Comment

SANSKRITIIAS , IAS COACHING
[democracy id="1"]
SANSKRITIIAS , IAS COACHING