
कटनी/भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की घोषणा के बाद कटनी जिले के औद्योगिक विकास को नई दिशा मिलने जा रही है। बड़वारा क्षेत्र में डोलोमाइट के विशाल भंडार मिलने और उनके व्यवस्थित उत्खनन की योजना से स्थानीय अर्थव्यवस्था में बड़ा बदलाव तय माना जा रहा है।
राज्य सरकार ने बड़ेरा और बचरबाड़ा (तहसील बड़वारा) में 50 हेक्टेयर से अधिक क्षेत्र चिन्हित कर तीन बड़े डोलोमाइट ब्लॉक्स को मध्यप्रदेश राज्य खनिज निगम के लिए आरक्षित कर दिया है। यह कदम जिले को खनिज आधारित उद्योगों का नया केंद्र बनाने की दिशा में अहम माना जा रहा है।
डोलोमाइट का उपयोग मुख्य रूप से लोहा-इस्पात उद्योग, उर्वरक और कांच निर्माण में होता है। ऐसे में कटनी और आसपास स्थित सीमेंट व स्टील फैक्ट्रियों को अब कच्चा माल स्थानीय स्तर पर ही उपलब्ध हो सकेगा। इससे न केवल लागत कम होगी बल्कि नए उद्योगों की स्थापना को भी बढ़ावा मिलेगा।
सरकार का फोकस स्थानीय युवाओं को रोजगार से जोड़ने पर है। इन खनन परियोजनाओं के शुरू होने से प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से बड़ी संख्या में रोजगार के अवसर पैदा होंगे, जिससे बड़वारा क्षेत्र आर्थिक रूप से मजबूत होगा।
खनन प्रक्रिया को आधुनिक और पारदर्शी बनाया जाएगा, साथ ही पर्यावरण संरक्षण का विशेष ध्यान रखा जाएगा। डोलोमाइट के दोहन से जिले के खनिज राजस्व में उल्लेखनीय वृद्धि की उम्मीद है।
इसके साथ ही, माइनिंग गतिविधियों को समर्थन देने के लिए बड़वारा क्षेत्र में सड़क, बिजली और परिवहन जैसी बुनियादी सुविधाओं का तेजी से विस्तार किया जा रहा है। आने वाले समय में बड़वारा, कटनी जिले के औद्योगिक नक्शे पर एक प्रमुख केंद्र के रूप में उभर सकता है।







